केवल इसलिए
न गिरते जाना
क्योंकि तुमने गिरना शुरू कर दिया
और एक बार गिरना शुरू हो जाने पर
रुकना नामुमकिन है।
तुम कोई वस्तु नहीं कि तुम पर
वस्तुओं के गिरने का नियम लागू होता है।
केवल इसलिए
ख़ंजर झिड़कने से
परहेज न करना क्योंकि
खंजर का अपना मनोविज्ञान होता है।
एक बार चलाना शुरू कर देने पर
वह तुम पर सवार हो जाता है
और तुम्हारे मार्फ़त खुद को चलाता ही जाता है।
तुम कोई वस्तु नहीं कि तुम पर
गति का जड़त्व काम करता है।